भारत विरोधी इतिहास और इतिहासकार ईसाई, इस्लामी और वामपंथी तीनों इतिहास के दुश्मन होते हैं. ये तीनों अपने अतीत के इतिहास को निकम्मा और गैरजरूरी बताकर नष्ट कर देते हैं. अगर भारत में घर घर में रामायण, महाभारत, वेद, पुराण आदि नहीं होते तो ये तीनों मिलकर भारत के गौरवशाली अतीत को भी नष्ट करने में सफल हो गये होते-स्वर्गीय पुरुषोत्तम नागेश ओक, महान राष्ट्रवादी इतिहासकार विचार कीजिए… आपने किसी देश का ऐसा इतिहास पढ़ा है जो अपने ही देश और उसके मूलनिवासियों के अतीत को कलंकित करती हो? कभी आपने सोचा है विश्व की सबसे प्राचीन और गौरवशाली सभ्यता,…
Author: TrueHistoryofIndia
मैं भारत के सत्य इतिहास का अनुसन्धान और प्रकाशन केलिए इस वेबसाइट का निर्माण कर रहा हूँ. इसका मुख्य उद्देश्य भारतियों को भारतवर्ष के गौरवशाली सत्य इतिहास की जानकारी उपलब्ध कराना है जिसे जानबुझकर नेहरूवादी और वामपंथी इतिहासकार नहीं
बताते हैं. साथ ही इसका उद्देश्य नेहरुवादी और वामपंथी इतिहासकारों के फर्जी और मनगढ़ंत इतिहास को तथ्यों और सबूतों के साथ जनता के सामने एक्सपोज कर सत्य इतिहास को सामने लाना है. हम इस वेबसाइट पर निम्नलिखित टैब के अंतर्गत भारत का
गौरवशाली इतिहास रखने जा रहे हैं |
गौरवशाली भारत-१
1. भा-रत यानि सूर्य की दैवी आभा के ध्यान में रत रहने वाला देश. वैदिक सम्राट भरत प्रलय के पश्चात विश्व के सम्राट हुए तब से सारे विश्व का भारतवर्ष नाम पड़ा. “वर्ष” शब्द पूरी गोल पृथ्वी का निदर्शक है. आंग्ल शब्द युनिवर्ष (Universe) में भी वही संस्कृत शब्द उसी अर्थ से रूढ़ है. बारह मासों का एक वर्ष जब कहा जाता है तो वहां भी “वर्ष” शब्द गोल ऋतुचक्र का द्योतक है-पी.एन.ओक २. भारतियों को अरब लेखक हिन्दू कहा करते थे क्योंकि उस समय भारत निवासी सारे हिन्दू होते थे. फ्रेंच लोग भी भारतियों को हिन्दू ही कहते हैं-पी…

